
दिल्ली। सूक्ष्म और लघु उद्यमों के लिए क्रेडिट गारंटी फंड ट्रस्ट (सीजीटीएमएसइ) ने अपनी रजत जयंती समारोह के हिस्से के रूप में मुंबई में ‘क्रेडिट गारंटी पर वैश्विक संगोष्ठी’ के साथ-साथ ‘एशियाई ऋण अनुपूरक संस्थान संघ’ के 38वें वार्षिक सम्मेलन का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में सूक्ष्म और लघु उद्यमों के लिए बिना किसी गारंटी के ऋण तक पहुंच बढ़ाने में सीजीटीएमएसइ की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला गया।
इस संगोष्ठी में दुनिया भर से प्रतिष्ठित लोगों ने हिस्सा लिया, जिसमें 19 से ज़्यादा देशों और 26 प्रमुख संगठनों के प्रतिनिधि शामिल थे जिनमें नीति-निर्माता, ऋण गारंटी संस्थान, वित्तीय संस्थाएँ और अंतर्राष्ट्रीय विशेषज्ञ शामिल थे। इस सभा ने ऋण गारंटी तंत्र को मज़बूत बनाने में वैश्विक सहयोग के बढ़ते महत्व को रेखांकित किया।
इस कार्यक्रम का उद्घाटन सीजीटीएमएसइ के अध्यक्ष और भारतीय लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी) के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्री मनोज मित्तल ने किया और उन्होंने विशेष संबोधन भी दिया। सीजीटीएमएसइ के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मनीष सिन्हा ने स्वागत भाषण दिया, जिसमें उन्होंने कार्यक्रम के बारे में बताया और संवाद तथा सहयोग के लिए एक वैश्विक मंच के रूप में इस संगोष्ठी की भूमिका पर ज़ोर दिया।




