
रायपुर. छत्तीसगढ़ में महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक अभिनव पहल सामने आई है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशानुसार जिला प्रशासन रायपुर और नया रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण (NRDA) के सहयोग से ग्राम पचेड़ा में स्थापित ‘झरिया एल्कलाइन वाटर प्लांट’ ग्रामीण अर्थव्यवस्था और महिला उद्यमिता का सफल मॉडल बनकर उभरा है।
छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन “बिहान” के अंतर्गत गठित शारदा स्व सहायता समूह द्वारा संचालित इस प्लांट का का शुभारंभ मुख्यमंत्री साय द्वारा 11 अप्रैल 2025 को किया गया था। स्थापना के महज एक वर्ष के भीतर इस इकाई ने 35 लाख रुपये का टर्नओवर दर्ज किया है और 15 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार उपलब्ध कराया है, जिनमें अधिकांश महिलाएं शामिल हैं।
यह हाईटेक प्लांट प्रतिदिन लगभग 5 हजार कांच की बोतल, 10 हजार प्लास्टिक बोतल, 1 हजार जरीकेन और 500 ठंडे जरीकेन पानी उत्पादन की क्षमता रखता है। यहां दो अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं स्थापित हैं, जहां पानी की शुद्धता और पीएच स्तर (8 से 8.5) की नियमित जांच की जाती है। उत्पादित जल को 200 एमएल से 1 लीटर तक की प्लास्टिक और कांच की बोतलों के साथ-साथ 20 लीटर जरीकेन में पैक किया जाता है।




